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एमपी: प्रशासन पूरी तरह फेल, दो व्यक्तियों ने की आत्महत्या की कोशिश, महिला ने मांगी इच्छामृत्यु

नेशनल जनमत ब्यूरो।

मध्य प्रदेश के इंदौर में सरकारी दफ्तरों के चक्कर से परेशान एक व्यक्ति ने मंगलवार को कलेक्ट्रेट की जनसुनवाई में आत्मदाह करने की कोशिश की। हालांकि उसे वहां मौजूद लोगों ने पकड़ लिया। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक सीमांकन न होने से परेशान एक किसान ने अपने शरीर पर केरोसिन डालकर आग लगाने की कोशिश की।

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जमीन की पैमाइश कराने के लिए मुकेश काट रहा था तीन- चार महीने से चक्कर

रिपोर्ट के मुताबिक गवली पलासिया गांव के किसान मुकेश पांचाल अपनी जमीन के सीमांकन के लिए तीन-चार महीने से परेशान है। किसान को खेत पर जाने का रास्ता भी नहीं है। इसके चलते उसे काफी मुश्किल हो रही है। बताया जाता है कि कुछ दिनों पहले सीमांकन तो हो चुका है लेकिन राजस्व अधिकारियों ने निशान नहीं लगाए। इससे उसे काफी परेशानी हो रही थी। मंगलवार को जनसुनवाई में पहुंचकर उसने अपने शरीर पर केरोसिन छिड़क कर आत्मदाह करने की कोशिश की। कर्मचारियों ने उस पकड़ लिया जिससे उसकी जान बच गई। इस मामले में प्रभारी कलेक्टर शमीमुद्दीन ने इस संबंध में एएसएलआर अनिल मेहता से स्पष्टीकरण मांगा है।

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पुलिस की कामचोरी की चलते सुरेन्द्र यादव ने पी लिया एसिड

इस बीच पुलिस कार्रवाई न होने से परेशान सुरेंद्र यादव ने एसिड पीकर आत्महत्या करने का प्रयास किया। उसे फौरन अस्पताल में भर्ती करवाया गया। सुरेंद्र का कहना है कि उसने दो ट्रक विशाल बाकलीवाल को दिया था। विशाल ट्रक लौटा नहीं रहा जिसके चलते उसने जिले के सभी पुलिस आलाधिकारियों को शिकायत की लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इससे सुरेंद्र काफी परेशान था। मंगलवार को जनसुनवाई के दौरान उसने एसिड पीकर जान देने की कोशिश की।

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महिला ने किया था भ्रष्टाचार उजागार, अब महिला को ही किया जा रहा प्रताड़ित, महिला ने की इच्छा मृत्यु की मांग

वहीं एक महिला कल्पना देवड़ा ने जनसुनवाई में आवेदन देकर इच्छामृत्यु की मांग की। कल्पना का आरोप है कि उन्होंने खालसा लॉ कॉलेज में एक गबन को उजागर किया जिसके बाद से उन्हें प्रताड़ित किया जाने लगा और वर्ष 2014 में बिना कारण बताए नौकरी से निकाल दिया। कल्पना का कहना है कि उनके पीएफ की राशि का भी निराकरण नहीं हो पा रहा है। ढाई साल से जिला शिक्षा अधिकारी के पास और डेढ़ साल से जनसुनवाई में मामला लंबित है। महिला ने मंगलवार को जनसुनवाई में आवेदन दिया कि वह डिप्रेशन में है। महिला ने यहां कहा कि मामले का निराकरण किया जाए या उसे इच्छामृत्यु की अनुमति दी जाए।

साभार – सबरंग इंडिया

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