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पाक अधिकृत कश्मीर से भारत में घुस सकती है चीनी सेना, PM मोदी की खामोशी पर उठ रहे हैं सवाल

नई दिल्ली । नेशनल जनमत ब्यूरो।

आर्थिक मोर्चे पर देश को गहरा झटका लगा चुकी मोदी सरकार अब विदेशी मोर्चे पर भी देशवासियों का सिर शर्म से झुकाने में जुटी है। विपक्ष में रहकर दहाड़ने वाले पीएम मोदी की दहाड़ अब सुनाई नहीं पड़ रही है। चीन की लगातार धमकी के बाद भी पीएम की चुप्पी पर लोग सवाल खड़े कर रहे हैं। चीन विचार समूह के विचारक लांग जिनचुंग ने भारत को खुली धमकी देते हुए कहा है कि चीनी सेना पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर से भारत के कब्जे वाले कश्मीर में दाखिल हो सकती है।

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जिनचुंग ने कहा कि चीन भी भारत के उसी तर्क का इस्तेमाल कर सकता है जिस तर्क को देते हुए भारत भूटान की मदद कर रहा है। भारत जैसे भूटान की मदद करने के लिए उसकी जमीन पर अपने सैनिकों का इस्तेमाल चीन के खिलाफ कर रहा है उसी तरह चीन भी पाकिस्तान की मदद के लिए अपने सैनिकों को भारत की जमीन पर उतार सकता है।

डोकलाम चौराहा है विवाद की जड़- 

चीन औऱ भारत के बीच विवाद की कोई सीधी वजह नहीं है। दरअसल चीन डोकलाम चौराहे पर सड़क का निर्माण कर रहा है। लेकिन डोकलाम चौराहे पर भूटान भी अपना दावा कर रहा है और चीन के सड़क निर्माण को अवैध बता रहा है। भूटान इस मामले में भारत से सहयोग मांग रहा है। भूटान का रक्षा सहयोगी होने के नाते भारत ने इस मामले में हस्तक्षेप किया है। बस इसी वजह से चीन भारत से बौखला गया है। कई दशकों में ऐसा पहली बार हुआ है कि विवाद एक महीने लंबा खिंच गया है, ऐसे में दोनों देशों के बीच जंग की आशंका एक बार‌ फिर सर उठाने लगी हैं।

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गलत तर्क का प्रयोग ना करे भारत- 

चीनी विचार समूह के एक विश्लेषक ने रविवार (9 जुलाई) को कहा कि जिस तरह भूटान की ओर से सिक्किम सेक्टर के डोकलाम इलाके में सड़क निर्माण से चीनी सेना को भारतीय सेना ने रोका, उसी तर्क का इस्तेमाल करते हुए पाकिस्तान के आग्रह पर कश्मीर में ‘तीसरे देश’ की सेना घुस सकती है।

चाइना वेस्ट नॉर्मल यूनिवर्सिटी में भारतीय अध्ययन केंद्र के निदेशक लांग जिंगचुन ने ‘ग्लोबल टाइम्स’ में लिखे अपने आलेख में कहा है, ‘अगर भारत से भूटान के क्षेत्र को बचाने का आग्रह किया भी जाता है तो यह उसके स्थापित क्षेत्र तक हो सकता है, विवादित क्षेत्र के लिए नहीं।’ आलेख में कहा गया है, ‘वरना, भारत के तर्क के हिसाब से अगर पाकिस्तान सरकार अनुरोध करे तो तीसरे देश की सेना भारत नियंत्रित कश्मीर सहित भारत और पाकिस्तान के बीच विवादित क्षेत्र में घुस सकती है।’

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आर्थिक मोर्चे की विफलता के बाद अब विदेश मोर्चे पर भी फेल हुए मोदी- 

चीन के सरकारी मीडिया ने डोकलाम तकरार पर भारत की आलोचना करते हुए कई आलेख प्रकाशित किये हैं, लेकिन पहली बार संदर्भ में पाकिस्तान और कश्मीर को लाया गया है। फिलहाल भारतीय सेना ने चीन के विरोध को दरकिनार करते हुए अपने दस हजार सैनिकों को सिक्किम के ऊंचे इलाके में तैनात कर दिया है।

आपको बता दें कि आर्थिक मोर्चे पर अभी तक के निर्णयों में बिफल साबित हुई मोदी सरकार अब तक लाखों लोगों की नौकरियां निगल चुकी है। देश की आर्थिक हालत लगातार गिरती जा रही है। देश की सभी बड़ी कम्पनियां अपने कर्मचारियों की लगातार छंटनी कर रही हैं। ऐसे हालात में पीएम मोदी अपनी कमजोर विदेश नीति के चलते चीन से विवाद का हल नहीं निकाल पा रहे हैं। आपको बता दें कि चीन से भारत के सम्बंध पिछले कुछ सालों के सबसे निम्न स्तर पर पहुंच गए हैं।

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