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सपा सम्मेलन में नरेश उत्तम पटेल दोबारा चुने गए प्रदेश अध्यक्ष, पहली बार 5 साल होगा कार्यकाल

नई दिल्ली/लखनऊ। नेशनल जनमत ब्यूरो। 

लखनऊ में चल रहे समाजवादी पार्टी के 8वें राज्य अधिवेशन में विधान परिषद सदस्य नरेश उत्तम पटेल को दोबारा प्रदेश अध्यक्ष चुना गया। इस मौके पर उन्होंने फिर से प्रदेश अध्यक्ष चुने जाने पर सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव समेत सभी कार्यकर्ताओं को धन्यवाद दिया।

अधिवेशन की शुरुआत में सपा का झंडा फहराकर राष्ट्रगान गाया गया। इस अधिवेशन में सपा संरक्षक मुलायम सिंह यादव और शिवपाल यादव नहीं पहुंचे हैं। वहीं आजम खान, किरणमय नंदा मौजूद हैं।

सम्मेलन में पार्टी प्रतिनिधियों, मंत्रियों,सांसदों, विधायकों के लिए अलग-अलग पंडाल बनाए गए हैं। पंडाल में बने एक बड़े मंच पर पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष सहित वरिष्ठ नेता मौजूद हैं जबकि दूसरे मंच पर सांस्कृतिक कार्यक्रम की व्यवस्था है।

बताया जा रहा है कि पहली बार पार्टी ने नए प्रदेश अध्यक्ष का चुनाव पांच साल के लिए किया। अभी तक अध्यक्ष का चयन केवल तीन साल के लिए ही किया जाता था।

फतेहपुर निवासी हैं नरेश उत्तम- 

मूल रूप से फतेहपुर के रहने वाले नरेश उत्तम पटेल जहानाबाद विधानसभा के लबुसरांय के निवासी हैं। अखिलेश यादव के प्रदेश अध्यक्ष रहने के दौरान वो प्रदेश उपाध्यक्ष थे। वर्तमान में नरेश उत्तम कानपुर में रहते हैं। नरेश उत्तम के पिता का नाम – रोशन लाल उत्तम है। उनकी उम्र- 52 साल और शिक्षा- एमए, एलएलबी है।

पिछड़ा वर्ग में मजबूत पकड़ है नरेश उत्तम की- 

नरेश उत्तम पटेल पिछड़ा वर्ग समुदाय से आते हैं। नरेश की सपा के प्रदेश संगठन में अच्छी पकड़ मानी जाती है। इसके अलावा पिछड़े वर्ग की अच्छी खासी संख्या वाले कुर्मी समाज के बीच अच्छे स्वभाव के कारण खासे लोकप्रिय माने जाते हैं।

पार्टी के पिछड़ा वर्ग प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष रहते हुए नरेश उत्तन में प्रदेश में पिछड़ों और अतिपिछड़ों को सपा से जोड़ने के लिए पिछड़ा वर्ग सम्मेलन आयोजित किए थे। कुर्मी, निषाद, प्रजापति, विश्ववकर्मा, लोधी, राजभर समेत तमाम पिछड़ी जाति के कार्यकर्ता उनसे जुड़ाव महसूस करते हैं।

कोई आपराधिक मामला नहीं- 

नरेश उत्तम कानपुर के नौबस्ता में परिवार समेत रहते हैं। उनके खिलाफ अभी तक कोई मुकदमा दर्ज नहीं है। अपनी साफ सुथरी छवि के कारण अखिलेश यादव के प्रदेश अध्यक्ष के लिए बिल्कुल परफेक्ट पसंद हैं।

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