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शिवराज ने मारे गए पाटीदार किसानों को कहा असामाजिक तत्व, किसानों का भड़का गुस्सा

नई दिल्ली। नेशनल जनमत ब्यूरो

मध्य प्रदेश में जारी किसान आंदोलन में शिवराज सरकार ने कोशिश की भाजपाई किसान संगठनों के माध्यम से आंदोलन को तोड़ने की लेकिन किसानों की मांगों के आगे उनका बस नहीं चला. बस फिर क्या था किसानों की मांग मांगने की बजाए उनपर गोली चला दी गईं. जिसमें छह किसानों की मौत हो गई. जिन छह किसानों की मौत हुई है उनमें पांच किसान पाटीदार समुदाय से हैं.

पाटीदार समाज के किसानों को गोली मारने की खबर गुजरात तक आग की तरह पहुंची पाटीदार नेता हार्दिक पटेल ने आक्रोश जाहिर करते हुए मध्यप्रदेश के किसानों की मौत को हत्या कहा . साथ ही हार्दिक ने कहा कि अभी तक किसान आत्महत्या कर रहे थे अब सरकार उनकी हत्या कर रही है. पूरे देश में बीजेपी पटेल और पाटीदारों के पीछे पड़ी है. हार्दिक ने चेतावनी दी कि  सरकार को सबक सिखा के रहेंगे पाटीदार.

अब शिवराज सिंह के इस बयान के बाद “ हिंसा फैलाने वालों के मंसूबे कामयाब नहीं होने दें। हमारी सरकार किसानों के साथ हमेशा खड़ी है। कुछ राजनीतिक दलों और असामाजिक तत्वों ने षड्यंत्र के तहत आंदोलन को हिंसक रूप देने की कोशिश की. 

किसानों का आरोप है कि उनको असमाजिक तत्व कहा जा रहा है. इसके बाद लोगों का गुस्सा और भड़क उठा. अब किसान शिवराज सरकार से किसानों पर दिए बयान को लेकर इस्तीफे की मांग कर रहे हैं.

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मरने वाले किसानों में पांच पाटीदार – 

पुलिस फायरिंग में जिन छह लोगों की मौत हुई है उनमें पांच पाटीदार समुदाय से हैं जिसकों लेकर मध्यप्रदेश के अलावा यूपी के पटेल और गुजरात के पाटीदारों में जबरदस्त आक्रोश है.

1-  कन्हैयालाल पाटीदार निवासी चिलोद पिपलिया,

2- बंटी पाटीदार निवासी टकरावद,

3- चैनाराम पाटीदार निवासी नयाखेडा,

4- अभिषेक पाटीदार बरखेडापंथ

5-  सत्यनारायण पाटीदार बरखेडापंथ हैं।

मंदसौर में ही घायल आरिफ नाम के शख्स को इंदौर ले जाया जा रहा था। रास्ते में नागदा के पास उसकी मौत हो गई।

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– मंगलवार को मंदसौर-नीमच रोड पर करीब एक हजार किसानों ने चक्काजाम कर दिया। यहीं से हिंसा भड़की। इसके बाद 8 ट्रकों और 2 बाइकों में आग लगा दी। पुलिस और सीआरपीएफ ने हालात संभालने की कोशिश की। लेकिन, भीड़ ने पथराव शुरू कर दिया। इसके बाद फायरिंग हुई।

– इसके बाद भीड़ ने मंदसौर में गराेठ रोड पर सीतामऊ टोल बूथ पर आग लगा दी। कुल 28 गाड़ियां जलाई जा चुकी हैं।

– मंदसौर में सोमवार से ही इंटरनेट पर रोक लगा दी गई है। फायरिंग के बाद जिला कलेक्टर ने पहले धारा 144 लगाई और इसके बाद कर्फ्यू लगा दिया।

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