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आरक्षण को BJP सरकार उस स्तर पर पहुंचा देगी जहां उसका होना ना होना बराबर होगा: सुब्रह्मण्यम स्वामी

नई दिल्ली/जोधपुर। नेशनल जनमत ब्यूरो 

दिल में और नीयत में जो हो वो बात जुबां पर आ ही जाती है। सरकार बनने के बाद से ही बीजेपी आरक्षण खात्मे की ओर कदम बढ़ा चुकी है। अब उसके वरिष्ठ नेता ये बात खुलकर बोलने और दिखाने लगे हैं कि वो आरक्षण के विरोधी हैं।

खुद को हिंदूवादी नेता के तौर पर प्रस्तुत करने वाले बीजेपी के राज्यसभा सांसद सुब्रह्मण्यम स्वामी ने कहा है कि आरक्षण को अब एकदम खत्म करना पागलपन है लेकिन भाजपा सरकार आरक्षण को उस स्तर तक पहुंचा देगी जहां उसका होना या नहीं होना, बराबर होगा।

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आरक्षण को वहां पहुंचा देंगे जहां वह निरर्थक होगा-

एक महिला दर्शक ने जब यह सवाल किया कि 97 फीसदी अंक लाने वाले को भी विश्वविद्यालय में प्रवेश नहीं मिलता और 50 फीसदी वाले कक्षा में बैठ जाते हैं। ऐसे में 97 वाली प्रतिभा का क्या होगा? औसत स्तर के छात्र भारतीय बाजार में काम करते हैं।

इस सवाल से तकरीबन सहमति जताने के अंदाज में स्वामी ने कहा कि आरक्षण को अब एकदम खत्म करना पागलपन है लेकिन भाजपा सरकार आरक्षण को उस स्तर तक पहुंचा देगी जहां उसका होना या नहीं होना, बराबर होगा। सरकार इतने इंस्टीट्यूट खोल देगी कि सबको प्रवेश मिलेगा।

अरविंद सुब्रह्मण्यम की छुट्टी कर दूंगा- 

रोजगार नहीं मिलने के एक सवाल के जवाब में कहा कि देश में ऐसे कई अफसर है जिनकी गलत नीतियों की वजह से बेरोजगारी पैदा हो गई है। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया के पूर्व गर्वनर रघुराम राजन लगातार ब्याज दर बढ़ाकर महंगाई कम करने का धोखा देते रहे। आखिर उनको बाहर का रास्ता दिखाया गया।

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इस तरह यूपीए के 7 लोगों को बाहर किया गया है। आर्थिक सलाहकार अरविंद सुब्रह्मण्यम की अब छुट्टी तय है। वह अमरीकी ड्रग कंपनी में कार्यरत थे। यूएस कांग्रेस ने उनको बुलाकर पूछा था कि भारत विदेशी दवाइयों को क्यों रोक रहा है। भारत को विश्व स्वास्थ्य संगठन में पीटना है। स्वामी ने कहा कि इस बातचीत की टेप रिकॉर्डिंग भी है।

कश्मीर में मुफ्ती का नहीं सेना का शासन जरूरी- 

राज्यसभा सांसद सुब्रह्मण्यम स्वामी ने कहा कि वे पहले दिन से ही कश्मीर में सेना का शासन चाहते हैं। मुफ्ती मोहम्मद की बेटी महबूबा मुफ्ती के शासन के फेवर में नहीं हूं। कुछ दिनों के लिए सेना को ज्यादा ताकत दी तो कश्मीर में पत्थरबाजी बंद हो गई।

भारत में 1 करोड़ पूर्व सैनिक है। अलगाववादियों ने 5 लाख कश्मीरी पंडितों को घाटी से बाहर का रास्ता दिखाया है। हमारी सरकार 10 लाख पूर्व सैनिकों को पूरे साजों सामान व परिवार के साथ वहां बसाने की योजना बना रही है जब कश्मीर पूरी तरीके से काबू में आ जाएगा तब कश्मीरी पंडितों को वापस बुला लेंगे।

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